BPSC 72nd CCE Prelims Syllabus and the Option-E Rule, Explained

BPSC 72वीं CCE Prelims Syllabus और Option-E नियम, पूरी जानकारी

By ExamAtlas

BPSC 72वीं CCE Prelims Syllabus और Option-E नियम, पूरी जानकारी

BPSC की 72वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा (CCE) में 1,186 vacancies हैं, जो 5 मई 2026 के notification में घोषित 1,230 से संशोधित होकर घटी हैं। Prelims पहले 26 जुलाई 2026 को होनी थी, फिर 18 जुलाई के नोटिस से स्थगित हुई, और 14 अगस्त 2026 को जारी संशोधित BPSC कैलेंडर में अब संभावित तिथि 25 अक्टूबर 2026 दी गई है। यानी आज से करीब 2 महीने बचे हैं।

इस बार आपका Prelims स्कोर 2 चीज़ों पर टिकेगा: General Studies syllabus की तैयारी, और OMR शीट पर नए Option-E नियम को सही तरीके से निभाना। पटना के Boring Road और Musallahpur Hat के coaching इलाकों में आज भी बहुत से अभ्यर्थी दूसरे वाले नियम को लेकर उलझन में हैं। इस पोस्ट में दोनों बातें साफ-साफ समझिए।

BPSC 72वीं CCE: एक नज़र में

विवरणजानकारी
परीक्षा का नामBPSC 72वीं Combined Competitive Examination (CCE)
आयोजकबिहार लोक सेवा आयोग (BPSC)
कुल vacancies1,186 (1,230 से संशोधित)
Notification तिथि5 मई 2026
आवेदन विंडो7 मई से 31 मई 2026 (बंद)
Prelims तिथि25 अक्टूबर 2026 (संभावित, 14 अगस्त 2026 का संशोधित कैलेंडर)
Prelims पेपरGeneral Studies, 150 प्रश्न, 150 अंक, 2 घंटे, offline OMR
Negative markingगलत उत्तर पर 1/3 अंक; खाली row पर भी penalty (Option-E नियम)
आधिकारिक वेबसाइटbpsc.bihar.gov.in

एक ज़रूरी बात पहले ही। 25 अक्टूबर की तिथि संशोधित कैलेंडर और उसकी news coverage से ली गई है, किसी नए exam-specific नोटिस से नहीं। अपनी revision योजना पक्की करने से पहले bpsc.bihar.gov.in पर official PDF से ज़रूर verify करें, और admit card आने के समय दोबारा जांचें।

कौन-कौन से पद मिलेंगे?

72वीं CCE से बिहार की प्रशासनिक और पुलिस सेवाओं के पद भरे जाते हैं। सूची में SDO/SDM, DSP, District Commandant, Sub Registrar, CDPO और कई अन्य राजपत्रित पद शामिल हैं। कुछ पदों के लिए विषय-शर्तें हैं, जैसे Financial Administrative Officer के लिए Commerce या Economics, लेकिन Prelims का पेपर सबके लिए एक ही होता है।

BPSC 72वीं Prelims Syllabus: असल में क्या पूछा जाता है

Prelims में General Studies का एक ही पेपर होता है। 66वीं से 71वीं तक syllabus के मुख्य खंड स्थिर रहे हैं, इसलिए previous year papers ही सबसे भरोसेमंद संकेत हैं। नीचे हर खंड और हाल के cycles में दिखा वेटेज पैटर्न है।

1. बिहार और भारत का इतिहास

प्राचीन, मध्यकालीन और आधुनिक भारत, और उसमें बिहार की कड़ियाँ: मगध, नालंदा और विक्रमशिला, बिहार में 1857 की क्रांति, चंपारण सत्याग्रह (1917), और राज्य में भारत छोड़ो आंदोलन। BPSC के पेपर में इतिहास और संस्कृति मिलाकर आम तौर पर 35 से 45 प्रश्न आते हैं, इसीलिए topper इसे कभी नहीं छोड़ते।

2. भारत और बिहार का भूगोल

भौतिक, सामाजिक और आर्थिक भूगोल। बिहार के लिए: गंगा का मैदान, बाढ़-प्रभावित कोसी क्षेत्र, मिट्टी के प्रकार और कृषि। कक्षा 6 से 12 की NCERT यहाँ के अधिकांश प्रश्न कवर कर देती है।

3. भारतीय राजव्यवस्था और अर्थव्यवस्था

संविधान, पंचायती राज (पंचायतों में महिलाओं को 50% आरक्षण देने वाला पहला राज्य बिहार है), और syllabus का वह हिस्सा जिसे BPSC "आज़ादी के बाद बिहार की अर्थव्यवस्था में बदलाव" कहता है। बिहार का Budget और Economic Survey लगभग हर cycle में झलकता है।

4. भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन और बिहार की भूमिका

Official syllabus में यह अलग से नामित खंड है। गांधी जी का चंपारण अभियान, राजेंद्र प्रसाद, जयप्रकाश नारायण और 1974 का आंदोलन, और बिहार के स्वतंत्रता सेनानी।

5. सामान्य विज्ञान

कक्षा 6 से 10 NCERT स्तर की physics, chemistry और biology, जिसमें सवाल applied होते हैं। सूत्रों के derivation नहीं आते; "रतौंधी किस विटामिन की कमी से होती है" जैसे सवाल सोचिए, numericals नहीं।

6. राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय current affairs

पिछले लगभग 12 महीने। बिहार-specific current affairs (राज्य की योजनाएँ, नियुक्तियाँ, पुरस्कार, खेल) को UPSC की तुलना में कहीं ज़्यादा जगह मिलती है। रोज़ अख़बार पढ़ना monthly compilation रटने से बेहतर काम करता है, हालांकि आख़िरी महीने में compilation से revision आसान हो जाता है।

7. General Mental Ability

बुनियादी reasoning और प्रारंभिक गणित: series, प्रतिशत, अनुपात, सरल data पढ़ना। आम तौर पर 8 से 12 प्रश्न। कम मात्रा, तेज़ स्कोरिंग, इसलिए अभ्यास करें पर ज़रूरत से ज़्यादा समय न दें।

Option-E नियम: अब marking कैसे होगी

BPSC ने 2 मई 2026 को रिपोर्ट हुए notification के ज़रिए OMR पर पाँचवाँ विकल्प अनिवार्य किया, और यह Prelims समेत आयोग की सभी MCQ परीक्षाओं पर लागू है। Option E का मतलब है "प्रयास नहीं किया"। इस नियम ने सवाल छोड़ने का गणित बदल दिया है।

OMR पर आपने क्या कियाअंकों पर असर
सही उत्तर (A/B/C/D)+1
गलत उत्तर (A/B/C/D)−1/3
Option E भरा (सोच-समझकर छोड़ा)0, कोई penalty नहीं
पूरी row खाली छोड़ी−1/3 penalty

आख़िरी वाली पंक्ति 2 बार पढ़िए। पुराने सिस्टम में सवाल छोड़ने पर चुपचाप 0 मिलता था। अब खाली row को गलत उत्तर की तरह गिना जाता है। आदतन 15 rows खाली छोड़ दीं तो सीधे 5 अंक गँवाए, और BPSC के cut-off इससे भी पतले अंतर पर तय होते रहे हैं।

आपकी attempt रणनीति पर असर

आपकी OMR पर ठीक 150 गोले भरे होने चाहिए, हर row में एक, कोई अपवाद नहीं। व्यावहारिक अभ्यास: हर mock में आख़िरी 5 मिनट "E sweep" के लिए रखिए, जिसमें हर छोड़े गए प्रश्न पर E भर दें। मेरी सीधी राय: guess करने का गणित ज़रा भी नहीं बदला है (2 विकल्प हटाकर लगाया गया अनुमान अब भी फ़ायदे का सौदा है, अंधा अनुमान अब भी नहीं), लेकिन OMR अनुशासन अब अपने आप में एक स्कोरिंग skill बन गया है। 25 अक्टूबर से पहले कम से कम 4-5 बार छपी हुई असली OMR शीट पर अभ्यास करें, सिर्फ़ screen पर नहीं।

एक छोटा-सा हिसाब

मान लीजिए आपने 110 सवाल आत्मविश्वास से किए, 20 में 2 विकल्प हटाकर guess लगाया, और 20 सवाल E भरकर छोड़े। अगर आत्मविश्वास वाले 95 और guess वाले 10 सही निकले, तो स्कोर बनेगा 105 − (25 गलत × 1/3) = 96.67। अब वही पेपर, पर उन 20 छोड़े गए सवालों पर E भरना भूल गए: 6.67 अंक और कटे, और 96.67 सीधे 90 पर आ गया। वही ज्ञान, वही attempt, सिर्फ़ OMR की चूक से 6 अंकों से ज़्यादा का फ़र्क़। यही इस नियम की असली सीख है।

Qualifying अंक और cut-off का व्यवहार

BPSC Prelims में श्रेणीवार न्यूनतम qualifying प्रतिशत हैं: General 40%, BC 36.5%, EBC 34%, और SC, ST, महिला व PwD अभ्यर्थियों के लिए 32%। असली बाधा cut-off है, जो इन न्यूनतम स्तरों से काफ़ी ऊपर रहता है। संदर्भ के लिए, 70वीं CCE में करीब 2,000 पदों के लिए लाखों आवेदन आए थे और General cut-off 150 में से 90 के ऊपर गया था। 72वीं में 1,186 पद हैं, तो मुक़ाबला वैसा ही रहेगा। पिछले cut-off की exact PDF official site से verify करें; General के लिए 100+ का लक्ष्य सुरक्षित माना जा सकता है।

2 महीने की तैयारी योजना (अगस्त-अंत से 25 अक्टूबर)

  • सप्ताह 1 से 3: अपने मौजूदा नोट्स से इतिहास, polity और भूगोल का एक पूरा round ख़त्म करें। NCERT बाकी है तो यह योजना नहीं बैठेगी; base छोड़ने के बजाय पढ़ाई के घंटे दोगुने करें।
  • सप्ताह 4 से 6: बिहार-specific सामग्री (इतिहास, भूगोल, अर्थव्यवस्था, योजनाएँ) और सामान्य विज्ञान। एक दिन छोड़कर sectional test शुरू करें।
  • सप्ताह 7 से 8: पिछले 12 महीनों के current affairs का consolidation और एक दिन छोड़कर full-length mock, हर mock में E-sweep की drill के साथ।
  • आख़िरी सप्ताह: सिर्फ़ revision और 66वीं से 71वीं तक के PYQ। कोई नया source नहीं।

ExamAtlas पर BPSC-pattern के free mock test हैं, जिनकी AI analytics topic-wise accuracy दिखाती है, ताकि असली पेपर से पहले ही पता चल जाए कि इतिहास में अंक रिस रहे हैं या polity में। question-wise समय का data यह भी बताता है कि आपका E-sweep दबाव में छूट तो नहीं रहा।

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BPSC 72वीं CCE Prelims पर FAQs

Q1. BPSC 72वीं CCE Prelims की परीक्षा तिथि क्या है?

14 अगस्त 2026 को जारी संशोधित कैलेंडर में संभावित तिथि 25 अक्टूबर 2026 है। मूल तिथि 26 जुलाई थी, जो 18 जुलाई के नोटिस से स्थगित हुई। अंतिम तिथि bpsc.bihar.gov.in पर confirm करें।

Q2. BPSC 72वीं CCE में कितनी vacancies हैं?

संशोधन के बाद 1,186 पद; 5 मई 2026 के notification में मूल रूप से 1,230 पद घोषित थे।

Q3. BPSC परीक्षाओं में Option E क्या है?

OMR का पाँचवाँ विकल्प, जिसका अर्थ है "प्रयास नहीं किया"। सवाल छोड़ना हो तो E भरना अनिवार्य है। E भरने पर कुछ नहीं कटता; पूरी row खाली छोड़ने पर 1/3 अंक कटता है।

Q4. क्या BPSC 72वीं Prelims में negative marking है?

हाँ। गलत उत्तर पर 1/3 अंक कटता है, और Option-E नियम के तहत हर पूरी खाली row पर भी 1/3 अंक कटता है।

Q5. BPSC Prelims में न्यूनतम qualifying प्रतिशत कितना है?

General 40%, BC 36.5%, EBC 34%, और SC/ST/महिला/PwD 32%। असली cut-off इससे बहुत ऊपर रहता है, इसलिए इन्हें सिर्फ़ न्यूनतम सीमा मानें।

Q6. क्या Prelims के अंक final merit में जुड़ते हैं?

नहीं। Prelims सिर्फ़ screening चरण है। Merit Mains और interview से बनती है, लेकिन वहाँ पहुँचने के लिए Prelims का cut-off पार करना ज़रूरी है।

अंतिम बात

अक्टूबर तक का स्थगन असल में एक मौक़ा है: ज़्यादातर गंभीर अभ्यर्थी जुलाई के हिसाब से चल रहे थे और पीछे थे। इस अतिरिक्त समय को बिहार-specific GS और OMR अनुशासन पर लगाइए, यही 2 जगहें हैं जहाँ इस cycle में सबसे सस्ते अंक मिलेंगे। और official site bookmark रखिए, क्योंकि कैलेंडर की संभावित तिथि आख़िरकार संभावित ही है।

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