न्यूटन के गति नियम
NCERT कक्षा 9 • Science • अध्याय "Force and Laws of Motion"
न्यूटन के गति नियम
बल वह धक्का या खिंचाव है जो किसी वस्तु की गति अवस्था, चाल, दिशा या आकृति बदल सके। बल और गति का संबंध तीन नियमों में समाया है, और सीट बेल्ट से लेकर रॉकेट तक सब कुछ इन्हीं से समझा जा सकता है।
पहला और दूसरा नियम
- पहला नियम कहता है कि कोई वस्तु विरामावस्था में या सरल रेखा में एकसमान गति में बनी रहती है, जब तक उस पर बाह्य असंतुलित बल न लगे।
- गति अवस्था में परिवर्तन का विरोध करने की प्रवृत्ति जड़त्व कहलाती है, इसलिए पहला नियम जड़त्व का नियम भी है।
- जड़त्व द्रव्यमान पर निर्भर है: द्रव्यमान जितना अधिक, जड़त्व उतना अधिक।
- विराम का जड़त्व बताता है कि बस चलने पर यात्री पीछे क्यों गिरते हैं, और गति का जड़त्व बताता है कि रुकने पर आगे क्यों झुकते हैं।
- संवेग द्रव्यमान और वेग का गुणनफल है और सदिश राशि है।
- दूसरा नियम कहता है कि संवेग परिवर्तन की दर लगाए गए बल के अनुक्रमानुपाती होती है और बल की दिशा में होती है।
- इसी से F = ma मिलता है, और बल का SI मात्रक न्यूटन है।
तीसरा नियम और संरक्षण
- तीसरा नियम कहता है कि प्रत्येक क्रिया की बराबर और विपरीत प्रतिक्रिया होती है।
- क्रिया और प्रतिक्रिया दो भिन्न वस्तुओं पर लगती हैं, इसीलिए वे एक-दूसरे को कभी निरस्त नहीं करतीं।
- बंदूक चलाने पर पीछे हटती है, तैराक जल को पीछे धकेलकर आगे बढ़ता है, और रॉकेट गैसें नीचे धकेलकर ऊपर उठता है।
- संवेग संरक्षण का नियम कहता है कि बाह्य बल की अनुपस्थिति में तंत्र का कुल संवेग स्थिर रहता है।
- यह दूसरे और तीसरे नियम को साथ लेने पर सीधे निकलता है।
- क्रिकेट खिलाड़ी गेंद पकड़ते समय हाथ पीछे खींचता है जिससे टक्कर का समय बढ़े और अनुभव किया गया बल घट जाए।
| नियम | संक्षिप्त कथन | दैनिक उदाहरण |
|---|---|---|
| पहला नियम | बल नहीं, गति में परिवर्तन नहीं | बस चलने पर यात्री का झटका |
| दूसरा नियम | बल संवेग परिवर्तन की दर के बराबर | अधिक धक्का, अधिक त्वरण |
| तीसरा नियम | क्रिया बराबर विपरीत प्रतिक्रिया | बंदूक का पीछे हटना |
जड़त्व — किसी वस्तु की वह प्रवृत्ति जिससे वह अपनी विराम या एकसमान गति अवस्था में परिवर्तन का विरोध करती है।
Exam me kaise aata hai
- गति का पहला नियम किस नियम से भी जाना जाता है — जड़त्व का नियम
- जड़त्व किस राशि पर निर्भर है — द्रव्यमान
- बल का SI मात्रक क्या है — न्यूटन
- बंदूक का पीछे हटना किस नियम से समझाया जाता है — तीसरा नियम
UPSC/State PSC ke liye
- क्रिया और प्रतिक्रिया इसलिए निरस्त नहीं होतीं कि वे भिन्न वस्तुओं पर लगती हैं; निरस्त होने के लिए दोनों का एक ही वस्तु पर लगना आवश्यक होता।
- संवेग संरक्षण F = ma से अधिक मूलभूत है, क्योंकि यह वहां भी लागू रहता है जहां द्रव्यमान बदलता है, जैसे ईंधन जलाते रॉकेट में।
Yahan confuse hote hain
✗ क्रिया और प्रतिक्रिया एक-दूसरे को निरस्त कर देती हैं | ये भिन्न वस्तुओं पर लगती हैं, इसलिए निरस्त नहीं होतीं | ✓
✗ जड़त्व वेग पर निर्भर है | जड़त्व द्रव्यमान पर निर्भर है | ✓
✗ चलती वस्तु को चलते रहने के लिए लगातार बल चाहिए | घर्षण न हो तो वह स्वयं चलती रहती है | ✓
Ek nazar me
- पहला नियम: असंतुलित बल नहीं तो गति अवस्था में परिवर्तन नहीं।
- जड़त्व द्रव्यमान पर निर्भर; संवेग द्रव्यमान गुणा वेग है।
- दूसरा नियम F = ma देता है और बल न्यूटन में मापा जाता है।
- तीसरे नियम के युग्म भिन्न वस्तुओं पर; बाह्य बल बिना संवेग संरक्षित रहता है।
