भौतिक और रासायनिक परिवर्तन
NCERT कक्षा 7 • Science • अध्याय "Physical and Chemical Changes" | NCERT कक्षा 9 • Science • अध्याय "Matter in Our Surroundings"
भौतिक और रासायनिक परिवर्तन
भौतिक परिवर्तन में पदार्थ का केवल रूप, आकार, आकृति या अवस्था बदलती है, और कोई नया पदार्थ नहीं बनता। रासायनिक परिवर्तन में पदार्थ स्वयं एक या अधिक नए पदार्थों में बदल जाता है जिनके गुण भिन्न होते हैं, और यह परिवर्तन प्रायः सरलता से उलटा नहीं होता।
दोनों में अंतर कैसे पहचानें
- भौतिक परिवर्तन प्रायः उत्क्रमणीय है, जैसे बर्फ का पिघलना, चीनी घुलना या रबर बैंड खिंचना।
- रासायनिक परिवर्तन प्रायः अनुत्क्रमणीय है, जैसे कागज जलना, लोहे में जंग लगना या भोजन पकना।
- भौतिक परिवर्तन में रासायनिक संघटन वही रहता है; रासायनिक परिवर्तन में नहीं।
- रासायनिक परिवर्तन के संकेतों में रंग बदलना, गैस निकलना, ताप बदलना, अवक्षेप बनना और गंध बदलना आते हैं।
- मोमबत्ती जलने में दोनों हैं: मोम का पिघलना भौतिक है जबकि मोम वाष्प का जलना रासायनिक।
- भौतिक परिवर्तन में ऊर्जा अपेक्षाकृत कम लगती है; रासायनिक परिवर्तन प्रायः पर्याप्त ऊष्मा लेते या छोड़ते हैं।
जंग लगना और क्रिस्टलीकरण
- जंग लगना वह धीमा रासायनिक परिवर्तन है जिसमें लोहा ऑक्सीजन और नमी से क्रिया कर भूरा पपड़ीदार ऑक्साइड बनाता है।
- जंग के लिए वायु और जल दोनों चाहिए, इसलिए शुष्क वायु में या वायु रहित उबले जल में लोहे पर जंग नहीं लगती।
- जंग संरचनाओं को कमजोर करती है, इसलिए इसे रोकना पुल, वाहन, औजार और मशीनों की रक्षा करता है।
- जंग रंगाई, ग्रीस लगाने, जस्ते की परत चढ़ाकर यशदलेपन, तथा मिश्रातु स्टेनलेस स्टील के उपयोग से रोकी जाती है।
- यशदलेपन इसलिए काम करता है कि जस्ता लोहे के स्थान पर संक्षारित होकर नीचे की सतह को बचा लेता है।
- क्रिस्टलीकरण भौतिक परिवर्तन है जिसमें गर्म संतृप्त विलयन ठंडा होने पर शुद्ध ठोस अलग कर देता है।
- संक्षारण वह सामान्य शब्द है जिसका अर्थ वायु, नमी या रसायनों से धातु सतह का धीरे-धीरे कटना है।
| लक्षण | भौतिक परिवर्तन | रासायनिक परिवर्तन |
|---|---|---|
| नया पदार्थ | नहीं बनता | बनता है |
| उत्क्रमणीयता | प्रायः उत्क्रमणीय | प्रायः अनुत्क्रमणीय |
| संघटन | अपरिवर्तित | परिवर्तित |
| उदाहरण | बर्फ का पिघलना | लोहे में जंग |
जंग लगना — वह रासायनिक परिवर्तन जिसमें लोहा ऑक्सीजन और नमी से क्रिया कर भूरा पपड़ीदार आयरन ऑक्साइड बनाता है।
Exam me kaise aata hai
- जंग लगने के लिए कौन सी दो चीजें चाहिए — वायु और जल
- लोहे पर जस्ते की परत चढ़ाना कहलाता है — यशदलेपन
- बर्फ का पिघलना कौन सा परिवर्तन है — भौतिक परिवर्तन
- अवक्षेप बनना किसका संकेत है — रासायनिक परिवर्तन
UPSC/State PSC ke liye
- यशदलेपन परत खरोंचने पर भी रक्षा करता है, क्योंकि जस्ता अधिक क्रियाशील है और लोहे के स्थान पर बलिदानी रूप से संक्षारित होता है।
- तटीय क्षेत्रों में जंग तेज लगती है क्योंकि आर्द्र वायु का लवण विद्युत अपघट्य बनकर क्रिया तेज कर देता है।
Yahan confuse hote hain
✗ सभी अनुत्क्रमणीय परिवर्तन रासायनिक हैं | कागज काटने जैसे कुछ भौतिक परिवर्तन भी उलटना कठिन है | ✓
✗ शुष्क वायु में जंग लगती है | जंग के लिए वायु और नमी दोनों चाहिए | ✓
✗ क्रिस्टलीकरण रासायनिक परिवर्तन है | क्रिस्टलीकरण भौतिक परिवर्तन है | ✓
Ek nazar me
- भौतिक परिवर्तन केवल रूप बदलता है; रासायनिक परिवर्तन नया पदार्थ बनाता है।
- रंग, गैस, ऊष्मा, अवक्षेप और गंध रासायनिक परिवर्तन के संकेत हैं।
- जंग के लिए वायु और जल चाहिए; रंगाई, ग्रीस और यशदलेपन से रुकती है।
- क्रिस्टलीकरण शुद्धिकरण में प्रयुक्त भौतिक परिवर्तन है।
Ab practice karein
Matter aur changes se har exam me seedhe questions bante hain. ExamAtlas ke mock test se abhi practice karein.
