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भौतिकी की मूल अवधारणाएँ

By ExamAtlas · 29/8/2026

भौतिकी की मूल अवधारणाएँ

सामान्य विज्ञान भाग-II के पाँच बराबर हिस्सों में से एक है, इसलिए यहाँ से लगभग 8 प्रश्न आते हैं और उनमें 2 भौतिकी से रहते हैं। स्तर कक्षा 6 से 8 का है, पर मात्रक और नियम सीधे पूछे जाते हैं, इसलिए इन्हें सूची की तरह याद कीजिए।

गति एवं बल

न्यूटन के तीन नियम इस विषय का आधार हैं और तीनों सीधे पूछे जाते हैं।

  1. पहला नियम — कोई वस्तु अपनी अवस्था में तब तक बनी रहती है जब तक उस पर बाह्य बल न लगे। इसे जड़त्व का नियम भी कहते हैं।
  2. दूसरा नियम — बल = द्रव्यमान × त्वरण।
  3. तीसरा नियम — हर क्रिया के बराबर और विपरीत प्रतिक्रिया होती है।

बल (F) = द्रव्यमान (m) × त्वरण (a)

बस से उतरते समय आगे की ओर झुक जाना, या रॉकेट का पीछे गैस छोड़कर आगे बढ़ना — ये पहले और तीसरे नियम के मानक उदाहरण हैं और उदाहरण देकर नियम पूछा जाता है।

द्रव्यमान और भार एक ही चीज़ हैं  |   द्रव्यमान किलोग्राम में और अपरिवर्तनीय है; भार न्यूटन में और स्थान के साथ बदलता है

कार्य, ऊर्जा एवं शक्ति

कार्य = बल × विस्थापन | शक्ति = कार्य ÷ समय

यदि विस्थापन शून्य हो तो कार्य भी शून्य होता है, चाहे कितना भी बल लगा हो। दीवार को धक्का देते रहने पर कार्य शून्य है — यह उदाहरण बार-बार आता है।

ऊर्जा दो रूपों में पूछी जाती है — स्थितिज ऊर्जा, जो स्थिति के कारण होती है, और गतिज ऊर्जा, जो गति के कारण। ऊर्जा न बनाई जा सकती है न नष्ट की जा सकती है, केवल रूप बदलती है — यही ऊर्जा संरक्षण का नियम है।

प्रकाश एवं ध्वनि

बिंदुप्रकाशध्वनि
माध्यमनिर्वात में भी चलता हैमाध्यम आवश्यक
चाललगभग 3 × 10⁸ मी/सेहवा में लगभग 343 मी/से
तरंग प्रकारअनुप्रस्थअनुदैर्ध्य

चंद्रमा पर आवाज़ नहीं सुनाई देती क्योंकि वहाँ वायु नहीं है और ध्वनि को माध्यम चाहिए। यह प्रश्न लगभग तय है। समतल दर्पण में प्रतिबिंब आभासी, सीधा और बराबर आकार का बनता है।

ध्वनि की श्रव्य परास 20 हर्ट्ज़ से 20,000 हर्ट्ज़ है। इससे नीचे अवश्रव्य और ऊपर पराश्रव्य कहलाती है।

विद्युत एवं मात्रक

राशिSI मात्रकराशिSI मात्रक
बलन्यूटनकार्य एवं ऊर्जाजूल
शक्तिवाटदाबपास्कल
आवृत्तिहर्ट्ज़विद्युत धाराऐम्पियर
विभवांतरवोल्टप्रतिरोधओम

ओम का नियम: V = I × R

मात्रक याद करने का आसान तरीका: वैज्ञानिक के नाम पर बने मात्रक — न्यूटन, जूल, वाट, पास्कल, हर्ट्ज़, ओम, वोल्ट — अंग्रेज़ी में बड़े अक्षर से शुरू होते हैं पर पूरा नाम लिखने पर छोटे अक्षर से।

TRE संकेत: मात्रक की तालिका पूरी याद कीजिए — इससे सीधा एक प्रश्न बनता है। द्रव्यमान और भार का अंतर तथा चंद्रमा पर ध्वनि न सुनाई देना दो तयशुदा प्रश्न हैं। न्यूटन के नियमों में उदाहरण देकर नियम पूछा जाता है, इसलिए हर नियम के साथ एक उदाहरण जोड़कर याद कीजिए।

60 सेकंड का रिवीजन

  • न्यूटन का पहला नियम जड़त्व का नियम कहलाता है।
  • बल = द्रव्यमान × त्वरण; कार्य = बल × विस्थापन।
  • विस्थापन शून्य हो तो कार्य शून्य होता है।
  • द्रव्यमान किलोग्राम में और अपरिवर्तनीय; भार न्यूटन में और परिवर्तनशील।
  • ध्वनि को माध्यम चाहिए, प्रकाश को नहीं।
  • श्रव्य परास 20 से 20,000 हर्ट्ज़ तक है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

द्रव्यमान और भार में क्या अंतर है?

द्रव्यमान वस्तु में पदार्थ की मात्रा है, इसे किलोग्राम में मापा जाता है और यह हर जगह समान रहता है। भार उस वस्तु पर लगने वाला गुरुत्व बल है, इसे न्यूटन में मापा जाता है और यह स्थान बदलने पर बदल जाता है। चंद्रमा पर भार घटता है, द्रव्यमान नहीं।

चंद्रमा पर आवाज़ क्यों नहीं सुनाई देती?

क्योंकि ध्वनि एक यांत्रिक तरंग है और उसे चलने के लिए ठोस, द्रव या गैस जैसे किसी माध्यम की आवश्यकता होती है। चंद्रमा पर वायुमंडल नहीं है, इसलिए ध्वनि संचरित नहीं हो पाती। प्रकाश निर्वात में भी चल सकता है, इसीलिए वहाँ दिखाई देता है।

दीवार को धक्का देने पर कार्य शून्य क्यों होता है?

क्योंकि कार्य बल और विस्थापन का गुणनफल है, और दीवार हिलती नहीं इसलिए विस्थापन शून्य रहता है। शून्य से गुणा करने पर कार्य भी शून्य हो जाता है, चाहे कितना भी बल लगाया गया हो और कितनी भी थकान हुई हो।

ओम का नियम क्या है?

किसी चालक के सिरों के बीच विभवांतर उसमें बहने वाली धारा के समानुपाती होता है, बशर्ते ताप स्थिर रहे। इसे V बराबर I गुणा R लिखा जाता है, जहाँ V वोल्ट में विभवांतर, I ऐम्पियर में धारा और R ओम में प्रतिरोध है।